देश में हवाई यात्रा अब 50 फीसदी महंगी हो जाएगी। सरकार द्वारा विभिन्न मार्गों के लिए किराये में वृद्धि की गई है। विमानन मंत्रालय ने न्यूनतम किराया 10 फीसदी और अधिकतम किराया 20 फीसदी बढ़ाया है। सभी एयरलाइंस अपने पूर्व कोरोना विमानों की कुल क्षमता का 50 प्रतिशत तक ले जा सकेंगी। यह नियम 31 मार्च, 2021 तक लागू रहेगा। अधिकतम किराया रु। 2,500 और न्यूनतम रु। बढ़कर 500 हो गई।
दिल्ली और मुंबई के बीच विमान किराया रु। यह 2,500 रुपये से 10,000 रुपये की सीमा में था जो अब बढ़कर रु। 2,500 से रु। 15,000 की सीमा में होगा। यह किराया केवल इकोनॉमी क्लास के लिए एकतरफा किराया है, जिसमें हवाई अड्डों पर विकास शुल्क, यात्री सुरक्षा शुल्क (घरेलू के लिए 150 रुपये) और साथ ही जीएसटी शामिल नहीं है।
अधिक यात्रियों को ले जाने के लिए विमान की क्षमता बढ़ाने के लिए एयरलाइंस से सुझाव मांगे गए हैं। केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री एच.एस. पुरी ने बुधवार को संसद को बताया कि कुछ एयरलाइंस पूरी क्षमता से विमानों को उड़ाना चाहती थीं। इसे कोरोना वायरस और सरकार के लचीलेपन के अनुसार संशोधित किया जाएगा। अप्रैल से रेंट भी बढ़ सकता है।
VR Sunil Gohil





















