तकनीक का उपयोग कर क्वान्टिफि ने भर्ती प्रक्रिया(रिक्रूटमेंट प्रोसेस) को नया स्वरूप दिया
- भर्ती प्रक्रिया(रिक्रूटमेंट प्रोसेस) के कारण कुल खर्च में ८०%, तो मानव संसाधन के उपयोग में ६५% की बचत की गई.
- एचआरडी कांग्रेस ने बताया है कि क्वान्टिफि 3 वर्ष तक पारदर्शी भरपाई देता है व सभी विद्यार्थियों को उचित संधि भी देता है
कोविड -१९ के कारण देश ही नहीं अपितु पूरे विश्व के लोगों के जीवन पर व व्यवसाय पर परिणाम हो रहा है. अनिश्चित आर्थिक माहौल में औद्योगिक संस्थाएं उत्पादनशील रहने का मार्ग खोज रहे हैं. उसके लिए उनकों अनेक प्रकार की चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है. ऐसी परिस्थिति में ऑनलाईन भर्ती(रिक्रूटमेंट) प्रक्रिया करना, कार्य को बंद रखना तथा अपने ग्राहकों व कर्मचारियों की रक्षा करने जैसी चुनौतियों का सामना कंपनियों को करनी पड़ रही है.
अचानक से आई इस महामारी के कारण कार्यस्थली में अनेकों बदलाव हुए हैं. क्वान्टिफि ने तकनीक का उपयोग कर भर्ती प्रक्रिया(रिक्रूटमेंट प्रोसेस) को नया स्वरूप दिया है. २०२० में आई इस महामारी के कारण लोगों की नौकरियों पर बड़ा परिणाम हुआ है. साथ ही कैम्पस भर्ती प्रक्रिया को बड़ा धक्का लगा है. अनेक कंपनियों ने तो अपने कई कर्मचारियों को हटा दिया है. ऐसा होने के बावजूद क्वान्टिफि ने भर्ती की प्रक्रिया जारी रखते हुए अनेकों को नौकरियां दी है.
“फर्स्टनौकरी” द्वारा किए गए सर्वेक्षण के अनुसार कोविड १९ के कारण भारत के ८२% महाविद्यालयों को नौकरी के दृष्टीकोणे से झटका लगा है. इसके उलट क्वान्टिफि ने अपनी कार्यक्षमता में वृद्धि कर अनेकों की भर्ती की है. सभी की सुरक्षा का विचार करते हुए तकनीक का उपयोग करते हुए भर्ती की प्रक्रिया को अंजाम दिया. पहली मुलाकात के के बाद साक्षात्कार व तय नौकरी की सभी प्रक्रिया ऑनलाईन की गई. भर्ती की प्रक्रिया(रिक्रूटमेंट प्रोसेस) के कारण कुल खर्च में ८०% तो मानव संसाधन के उपयोग में ६५% की बचत की गई.
एचआरडी कांग्रेस ने कैम्पस भर्ती प्रणाली के लिए क्वान्टिफि की सराहना की व ‘बेस्ट एम्प्लॉयमेंट एंगेजमेंट प्रैक्टिस’ पुरस्कार प्रदान कर कंपनी का गौरव किया. एचआरडी कांग्रेस ने बताया है कि क्वान्टिफि 3 वर्षों तक पारदर्शी भरपाई करता है व सभी विद्यार्थियों को सही संधि भी देता है. क्वान्टिफि उद्योग की जरूरतों पर आधारित पाठ्यक्रम पर ध्यान केंद्रित करता है व उसके संदर्भ में प्रशिक्षण भी देता है. विद्यार्थियों के लिए क्लाऊड, एआय(आर्टिफिशियल इंटेलिजेन्स) व एमएल(मशीन लर्निंग) तकनीक पर सत्र आयोजित कर पुरस्कार भी प्रदान करता है. क्वान्टिफि ने विद्यार्थियों के लिए चार महीने के लिए इंटर्नशिप भी प्रदान किया है.
इस विषय में क्वान्टिफि के सह-संस्थापक(को फाउंडर) श्री रितेश पटेल ने कहा, कोविड १९ के समय में मजबूती के साथ खड़ा रहने के लिए व इस महामारी के बाद प्रगति करने के लिए हमारे पास एक प्रभावशाली टीम का होना जरूरी है. इस कालावधि में हमारी क्वान्टिफि की टीम हमारे लिए सबसे मजबूत कड़ी है. इसके कारण हम नए नए कौशल आकर्षित कर उनको तकनीक का प्रशिक्षण देते हैं.
आगे उन्होंने कहा कि, हमारे टीम में कुशल कामगार को बढाकर व्यवसाय के लिए एक मजबूत बुनियाद डालने का काम हो रहा है. उनके कौशल को कंपनी के विकास के लिए उपयोग करते समय उनका विकास करने का भी हमारा मकसद है.
कल्चर एंड पिपल्स सक्सेस इंडिया की हेड मोहिनी पॉल चौधरी ने कहा कि कंपनियों के एचआर को अपना दृष्टीकोण कंपनी के विकास के लिए बदलना हेागा. जिस तरह से क्वान्टिफि ने विश्वासाहार्य, सर्वसमावेशक व पारदर्शी माहौल तैयार किया है, उसके कारण नए कुशल कर्मचारी आकर्षित होते हैं व उनके कौशल का विकास भी होता है. भर्ती की सभी प्रक्रिया हमने तकनीक की मदद से वर्च्युअली किया.
ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट ऑफीसर (टीपीओ) के महाराष्ट्र असोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. शीतल कुमार ने कहा, “हमारे अनेकों विद्यार्थियों के लिए क्वांटीफी उनके सपनों की कंपनी है. क्योंकि वे उत्कृष्ट तकनीक , संस्कृति व जॉइनिंग जैसे सभी पहलुओं पर विद्यार्थियों की मदद करता है. उकनी एच आर टीम बेहद सहयोगी है. इस साल हमारे लगभग २० विद्यार्थियेां का चयन किया गया. सभी प्रक्रिया सुरक्षित ढंग से पूरी की गई.
क्वान्टिफि ने परंपरागत भर्ती व कैम्पस नियुक्तियों की प्रक्रिया बदल दी है. तकनीक का उपयोग तीन गुना फायदे के लिए करना – समय, खर्च व मेहनत बचाना, अचूकता बढाना व भर्ती की प्रक्रिया में मानवी त्रुटी को कम किया है.
आयआयआयटी भुवनेश्वर के निबंधक व डीन (कॉर्पोरेट रिलेशन) डॉ देबाशीष जेना ने कहा, “कोविड -१९ के दौरान अधिकतर कंपनियों को व्यवसाय की अनिश्चितता का सामना करना पड़ा लेकिन क्वान्टिफि ने हमारे विद्यार्थियों को संधि दी. क्वान्टिफि ने डिजिटल मोड के सहारे 15 से अधिक विद्यार्थियों का चयन किया.
डॉ गोविंद माहेश्वरी देवी अहिल्या यूनिवर्सिटी, इंदौर के एसोसिएट प्रोफेसर मेकैनिकल इंजीनियरिंग व ओवरऑल प्लेसमेंट कोऑर्डिनेटर ने कहा कि क्वान्टिफि हमारे विद्यापीठ में कैम्पस के लिए आनेवाली सबसे बडी कंपनी है. उन्होंने विद्यार्थियों को वर्चुअल भर्ती का अनुभव प्रदान किया.





















